चरखी दादरी, 9 फरवरी : (): जिला के सभी विभागों के अधिकारी सुनिश्चित करें कि किसी भी माध्यम से प्रशासन को प्राप्त होने वाली जनता की शिकायतों का प्राथमिकता के आधार समाधान हो और शिकायतकर्ता की संतुष्टि सुनिश्चित की जाए। जिला के अधिकारी स्वयं शिविर में मौजूद रहें। अगर शिकायतें लंबित पड़ी हैं तो बैठकों का कोई फायदा नहीं है।
उपायुक्त डा मुनीश नागपाल सोमवार को समधान शिविर की अध्यक्षता कर रहे थे। उन्होंने लंबित शिकायतों पर आपत्ति जजाते हुए कहा कि जब तक शिकायतों पर त्वरित कार्यवाही नहीं होती है तब तक बेठकों का कोई फायदा नहीं है। जिला के सभी विभागों के अधिकारी सुनिश्चित करें कि प्रशासन को किसी भी माध्यम से प्राप्त होने वाली जनता की प्रत्येक शिकायत का समाधान प्राथमिकता से हो। शिकायतों के समाधान में ढिलाई किसी भी हाल में सहन नहीं होगी। जिला अधिकारी स्वयं समाधान शिविर में मौजूद रहें और अपने विभाग की शिकायतों को लेकर शिकायतकर्ता की संतुष्टि सुनिश्चित करें।
उन्होंने कहा कि सोमवार और वीरवार को जिला व उपमंडल स्तर पर सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक आयोजित किए जा रहे समाधान शिविरों का उद्देश्य जनता और प्रशासन के बीच सीधा संवाद स्थापित करना भी है, ताकि समस्याओं का समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से निवारण किया जा सके। इन शिविरों के माध्यम से नागरिकों को अपनी शिकायतों के समाधान के लिए दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ते, बल्कि वे एक ही स्थान पर अधिकारियों से सीधे मिलकर अपनी समस्या का निवारण करवा रहे हैं। उन्होंने बताया कि मुख्यालय स्तर पर समाधान प्रकोष्ठ स्थापित किया गया है जहां समाधान शिविर की शिकायतों की मॉनिटरिंग की जा रही है। वहीं हर शुक्रवार को सीएम कार्यालय से उच्च अधिकारियों के द्वारा समीक्षा बैठक की जाती है। जिला के सभी अधिकारी सरकार की मंशा के अनूरूप ही कार्य करें।