जी.एम.एन. कॉलेज, अम्बाला छावनी की लैंग्वेज लैब ने जी.एम.एन. कॉलेज आॅफ नर्सिंग के छात्रों के लिए छात्रों में संचार कौशल और मंच साहस का विकास विषय पर एक तकनीकी सेमिनार का सफल आयोजन किया। इस सेमिनार का उद्देश्य नर्सिंग छात्रों की संवाद क्षमता, रोगियों एवं सहकर्मियों के साथ प्रभावी संवाद स्थापित करने की योग्यता तथा सार्वजनिक प्रस्तुतियों में आत्मविश्वास को बढ़ाना था। इस कार्यक्रम ने छात्रों को न केवल अभिव्यक्ति और संचार की तकनीकों से परिचित कराया, बल्कि मंच भय को दूर करने की उपयोगी रणनीतियाँ भी प्रदान कीं। फ्रेंचयार्ड से आए विशेषज्ञों ने अपने विचार साझा किए:
सुश्री वृंदा अग्रवाल, संस्थापक एवं निदेशक, फ्रेंचयार्ड ने मुख्य भाषण दिया और संचार को व्यावसायिक सफलता तथा गुणवत्तापूर्ण रोगी देखभाल की नींव बताया।
अखिल दहिया, सह-निदेशक ने आत्मविश्वास बढ़ाने और नेतृत्व विकास पर प्रकाश डाला।
अमन कुमार, प्रमुख फ्रेंच प्रशिक्षक ने अभिव्यक्ति और प्रस्तुति कौशल पर मूल्यवान सुझाव साझा किए।
अलका गुप्ता, प्रशासनिक प्रमुख ने अनुशासन और निरंतरता को दीर्घकालिक सफलता की कुंजी बताया।
कॉलेज के प्राचार्य डॉ. रोहित दत्त ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि संचार कौशल नर्सिंग पेशे की रीढ़ है। आत्मविश्वास और मंच साहस से युक्त छात्र न केवल अपने करियर में सफल होंगे, बल्कि स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता को भी बेहतर बनाएंगे। उन्होंने छात्रों को ऐसे अवसरों का भरपूर लाभ उठाने के लिए प्रोत्साहित किया।
इस कार्यक्रम का समन्वय मेहक तलवार (कन्वीनर, लैंग्वेज लैब) ने किया। उन्हें डॉ. भारती सुजन, सुश्री कमलप्रीत कौर और सुश्री हर्षिता का सहयोग प्राप्त हुआ। सेमिनार में संकाय सदस्यों और छात्रों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। यह सेमिनार सॉफ्ट स्किल्स विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम सिद्ध हुआ, जिसने नर्सिंग छात्रों को आत्मविश्वासी, संवेदनशील और सक्षम पेशेवर बनने की दिशा में सशक्त
