सनातन धर्म कॉलेज, अंबाला छावनी की युवा रेड क्रॉस इकाई द्वारा विश्व प्राथमिक उपचार दिवस के अवसर पर एक विशेष व्याख्यान एवं प्रशिक्षण सत्र का आयोजन किया गया। इस अवसर पर वनस्पति विज्ञान विभाग के सहायक प्राध्यापक एवं प्राथमिक उपचार प्रशिक्षण विशेषज्ञ डॉ. सुमित छिब्बर ने विद्यार्थियों को सीपीआर (कार्डियो पल्मोनरी रिससिटेशन) की बारीकियों से अवगत कराया तथा व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया। डॉ. छिब्बर ने सीपीआर के महत्व को विस्तार से समझाते हुए बताया कि अचानक हृदय गति रुकने की स्थिति में समय पर और सही तरीके से दिया गया सीपीआर किसी के जीवन को बचा सकता है। उन्होंने विद्यार्थियों को आपातकालीन स्थिति में घायल व्यक्ति को प्राथमिक उपचार देते समय किन-किन बातों का ध्यान रखना चाहिए और दुर्घटनाओं के समय बचाव व संयोजन किस प्रकार किया जाना चाहिए, इसकी विस्तृत जानकारी दी। प्रशिक्षण सत्र के दौरान विद्यार्थियों ने स्वयं अभ्यास कर सही लय और दबाव की तकनीक भी सीखी। इस अवसर पर कॉलेज की प्राचार्या, डॉ. अल्का शर्मा ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि इस प्रकार के आयोजन जीवन कौशल एवं सामाजिक जिम्मेदारी की भावना को विकसित करने में अत्यंत सहायक सिद्ध होते हैं। कार्यक्रम में वनस्पति विज्ञान विभाग की अध्यक्ष, डॉ. दिव्या जैन की गरिमामयी उपस्थिति भी रही। युवा रेड क्रॉस काउंसलर श्री जीनत मदान ने स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए कहा कि इस प्रकार का प्रशिक्षण उन्हें न केवल आपातकालीन परिस्थितियों में जीवन रक्षक तकनीकों का ज्ञान प्रदान करता है, बल्कि उनमें सेवा, सहयोग और मानवीय संवेदनाओं की भावना को भी प्रबल करता है। कार्यक्रम में लगभग 65 युवा रेड क्रॉस स्वयंसेवकों ने सक्रिय रूप से भाग लिया और जीवन रक्षक तकनीकों की बारीकियों को आत्मसात किया।
विश्व प्राथमिक उपचार दिवस पर सनातन धर्म कॉलेज में प्रशिक्षण सत्र का किया आयोजन
