कांग्रेस ने राज्यपाल से की राज्य सरकार काे बर्खास्त करने की मांगराज्य की धामी सरकार हर मोर्चे पर पूर्णतया असफल: करण माहरा

राज्य की भाजपा सरकार पर कानून व्यवस्था बिगड़ने, महिला हिंसा, पंचायत चुनाव में धांधली, अपराधियों को संरक्षण देने समेत कई गंभीर आरोप लगाते हुए कांग्रेस ने राजभवन का घेराव करने के लिए कूच किया। पुलिस कीे कांग्रेस कार्यकर्ताओं को रोकने पर तीखी नोकझोंक व धक्का-मुक्की भी हुई। बाद में पुलिस ने लगभग 150 कांग्रेस नेताओं को गिरफ्तार कर लिया। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी कर भाजपा सरकार को बर्खास्त करने की मांग की।

उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पूर्व घोषित कार्यक्रम के तहत कांग्रेस के कार्यकर्ताओं ने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष करण माहरा, नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य, पूर्व अध्यक्ष प्रीतम सिंह, पूर्व मंत्री डॉक्टर हरक सिंह रावत, कांग्रेस के वरिष्ठ विधायक फुरकान अहमद, हरीश धामी, ममता राकेश, भुवन कापड़ी, लखपत बुटोला, वीरेंद्र जाती, सुमित हृदयेश, रवि बहादुर आदि नेताओं के नेतृत्व में प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय से एक जुलूस के रूप में राजभवन की ओर कूच किया।

कांग्रेस कार्यकर्ता प्रदेश सरकार की बर्खास्तगी की मांग करते हुए वोट चोर गद्दी छोड़, गुंडागर्दी की सरकार नहीं चलेगी, नहीं चलेगी व आपदा पीड़ितों को न्याय दो के नारे लगाते हुए प्रदेश कांग्रेस कमेटी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष संगठन सूर्यकांत धस्माना के संचालन में राजपुर रोड, बहल चौक, दिलाराम बाजार होते हुए कैंट रोड होते हुए राजभवन की ओर बढ़े।

पहले से सतर्क पुलिस ने हाथीबड़कला चौकी के पास बैरियर पर कांग्रेस कार्यकर्ताओं को आगे बढ़ने से रोक दिया, जिस पर कांग्रेस अध्यक्ष करण माहरा समेत अनेक नेता बैरिकेडिंग के ऊपर चढ़ गए और बहुत सारे नेता व कार्यकर्ता सड़क पर धरने में बैठ गए और काफी देर तक राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते रहे। इस माैके पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष करण माहरा ने राज्य की सरकार को हर मोर्चे पर पूर्णतया असफल बताते हुए राज्य में ध्वस्त कानून व्यवस्था पर सरकार पर हमला किया। उन्होंने कहा कि आज प्रदेश में महिलाओं के खिलाफ हिंसा, बलात्कार व हत्या के मामलों की बाढ़ आई हुई है और अफसोस की बात यह है कि इन मामलों में अधिकांश मामलों में भाजपा सरकार व पार्टी के दायित्वधारियों व पदाधिकारी शामिल हैं। उन्होंने कहा कि त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों में राज्य निर्वाचन आयोग के साथ मिल कर भाजपा सरकार व पार्टी ने वोटों की डकैती की और प्रदेश को बिहार व उत्तरप्रदेश की तर्ज पर माफिया और अपराधियों का राज्य बना दिया। माहरा ने कहा कि आज पूरा प्रदेश आपदा से घिरा हुआ है और राज्य सरकार का आपदा प्रबंधन तंत्र पूरी तरह से नाकाम साबित हो रहा है।

कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष माहरा ने राज्य के भाजपा नेताओं पर प्रदेश की जनता की उपेक्षा का आरोप लगाते हुए कहा कि आज जब प्रदेश की जनता आपदाओं से त्राहिमाम त्राहिमाम कर रही है, ऐसे में भाजपा नेता कुर्सी की लड़ाई में लगे हैं और एक दूसरे को फूलों के गुलदस्ते भेंट कर रहे हैं। कांग्रेस कार्यकर्ता राज्यपाल से प्रदेश की भाजपा सरकार को बर्खास्त करने की मांग करने आए है। नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने भाजपा सरकार की असफलताओं का जिक्र करते हुए कहा कि प्रदेश की भाजपा सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य, कानून व्यवस्था व रोजगार जैसे सभी मुद्दों पर फिसड्डी साबित हुई है।

प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ उपाध्यक्ष संगठन सूर्यकांत धस्माना ने कहा कि हमारी अब लड़ाई आर पार की है और कांग्रेस अब सड़कों पर उतर कर और जनता के बीच जा कर भाजपा सरकार को आने वाले २०२७ के विधान सभा चुनावों में बेदखल करने के लिए व्यापक जन आंदोलन चलाएगी।

लगभग दो बजे भारी पुलिस बल के साथ सिटी मजिस्ट्रेट के निर्देश पर पुलिस ने बैरिकेडिंग पर चढ़े व धरने पर बैठे कांग्रेस नेताओं को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने लगभग डेढ़ सौ कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर पुलिस लाइन ले गई, जहां से साढ़े तीन बजे सभी को रिहा कर दिया गया।

विराेध प्रदर्शन के दाैरान पूर्व विधायक जोत सिंह गुंसोला, पूर्व विधायक हीरा सिंह बिष्ट, पूर्व विधायक शूरवीर सिंह सजवान, पूर्व विधायक प्रेमानंद महाजन, पूर्व विधायक राजकुमार, कांग्रेस नेता वीरेंद्र रावत, महानगर कांग्रेस अध्यक्ष डॉक्टर जसविंदर सिंह, महिला कांग्रेस अध्यक्ष ज्योति रौतेला, युवा कांग्रेस अध्यक्ष विकास नेगी, एससी विभाग अध्यक्ष मदन लाल, सेवा दल राज्य प्रमुख हेमा पुरोहित, एनएसयूआई अध्यक्ष विकास नेगी, श्रम प्रकोष्ठ अध्यक्ष दिनेश कौशल, बुद्धि जीवी प्रकोष्ठ अध्यक्ष डॉक्टर प्रदीप जोशी, प्रदेश महामंत्री नवीन जोशी, पूर्ण सिंह रावत, नीनू सहगल, सुनील जायसवाल आदि तमाम कार्यकर्ता माैजूद रहे।