केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमाशुल्क बोर्ड ने लोगों से जीएसटी की प्रत्याशित नई दरों के बारे में जीएसटी परिषद की घोषणाओं से पहले अटकलबाजियां करने से बचने का अनुरोध किया है। सीबीआईसी ने मंगलवार को सोशल मीडिया पर एक बयान में कहा, ‘समय से पहले अटकलें लगाने से निराधार अफवाहें फैलती हैं और बाज़ार में अस्थिरता पैदा हो सकती है।’ जीएसटी की दरों के बारे में फैसला जीएसटी परिषद द्वारा सामूहिक रूप से लिए जाता है, जिसमें केंद्र और राज्य शामिल होते हैं। जीएसटी की बैठक अगले माह के प्रारंभ में होने वाली है। सीबीआईसी ने कहा है, सभी हितधारकों को सलाह दी जाती है कि वे तीन और चार सितंबर को होने वाली जीएसटी परिषद की बैठक के बाद की जाने वाली आधिकारिक घोषणाओं की प्रतीक्षा करें। उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी घोषणा के बाद से जीएसटी की दरों को लेकर अटकलबाजियां बढ़ गई हैं। अनुमान लगाया जा रहा है कि जीएसटी में अब चार की जगह दो दरें -5 प्रतिशत और 18 प्रतिशत रखी जाएंगी, 12 प्रतिशत की दर को समाप्त कर दिया जाएगा तथा 28 प्रतिशत की उच्चतम दर की जगह 40 प्रतिशत की एक दर रखी जाएगी जो शराब जैसी अहितकर वस्तुओं पर लागू होगी।